कुलभूषण जाधव मामले में भारतीय वकील की मांग को पाकिस्तान ने किया खारिज


कुलभूषण जाधव मामले में भारतीय वकील की मांग को पाकिस्तान ने किया खारिज

कुलभूषण जाधव (फाइल फोटो)

पाकिस्तान (Pakistan) ने भारत की उस अपील को खारिज कर दिया है जिसमें कुलभूषण जाधव (Kulbhushan Jadhav) के प्रतिनिधित्व के लिए भारतीय वकील या क्वींस काउंसल देने की मांग की गई थी.

  • News18Hindi

  • Final Up to date:
    September 18, 2020, 11:11 PM IST

इस्लामाबाद. भारतीय नौसेना के पूर्व अधिकारी कुलभूषण जाधव (Kulbhushan Jadhav) पर पाकिस्तान कैसे भारत के सहयोग का नाटक कर रहा है, इसका उदाहरण उसने फिर से दे दिया है. भारत ने अपील की थी कि जाधव की सजा पर पुनर्विचार के लिए स्वतंत्र और निष्पक्ष सुनवाई सुनिश्चित करने के लिए एक भारतीय वकील या क्वींस काउंसल को नियुक्त करना चाहिए. इस पर पाकिस्तान (Pakistan) ने साफ इनकार कर दिया है. बता दें कि क्वींस काउंसल एक ऐसा बैरिस्टर या अधिवक्ता होता है, जिसे लॉर्ड चांसलर की सिफारिश पर ब्रिटिश महारानी के लिए नियुक्त किया जाता है. भारत की मांग को खारिज करते हुए पाकिस्तान ने कहा है कि ऐसा बिल्कुल मुमकिन नहीं है.

पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक देश के विदेश मंत्रालय ने कहा है कि पाकिस्तान में कोई ऐसा वकील ही केस लड़ सकता है जिसके पास पाकिस्तान की बार का लाइसेंस हो. पाकिस्तान की संसद ने उस अध्यादेश की अवधि चार महीने बढ़ा दी है, जो जाधव को अपनी दोषसिद्धि के खिलाफ उच्च न्यायालय में अपील करने की अनुमति देता है, जैसा करने के लिए अंतरराष्ट्रीय न्यायालय (आईसीजे) ने कहा था. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि पाकिस्तान सरकार आईसीजे के फैसले का बखूबी क्रियान्वन करने पर अपने दायित्वों को पूरा नहीं कर पाई है.

ये भी पढ़ें: CoronaVirus: पाकिस्तान में सरकार ने दिखाई सख्ती, 32 घंटों में 32 स्कूल-कॉलेज किए सील

कोर्ट ने भी लगाई थी फटकारउन्होंने कहा था, ‘उसे अभी मुख्य मुद्दों का हल करना बाकी है, जिनमें मामले से जुड़े सभी दस्तावेज शामिल कर जाधव को बिना शर्त और बेरोक-टोक राजनयिक पहुंच मुहैया करना और स्वतंत्र-निष्पक्ष सुनवाई के लिए एक भारतीय वकील या क्वींस काउंसल नियुक्त करना शामिल है.’ इस महीने की शुरुआत में पाकिस्तान में इस्लामाबाद उच्च न्यायालय ने संघीय सरकार को निर्देश दिया था कि वह भारत को जाधव का प्रतिनिधित्व करने के लिए वकील नियुक्त करने का एक और मौका दे. साथ ही सुनवाई एक महीने के लिए स्थगित कर दी थी.





Source link

This site is using SEO Baclinks plugin created by Locco.Ro

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *